माँ ममता का रुप है,माँ है सकल जहान।
माँ कल्पवृक्ष की छाया,माँ होती भगवान।।
*
माँ से जन्में धरा पर,पीर फकीर महान।
माँ से कायम जगत है,माँ से है भगवान।।
****
माँ ममता की मूरत,सकल गुणों की खान।
माँ गीता का संदेश,माँ बाइबल कुरान।।
*****
माँ ईश्वर का रूप है,माँ ही पीर फकीर।
सच है बस इतना सही,माँ लिखती तकदीर।।
*****
कुछ नाहीं रे माँ बिना,माँ बिन घोर अंधार।
प्रथम गुरु भी माँ है,माँ जीवन आधार।।
-कृष्ण कुमार निर्माण
करनाल, हरियाणा
